सनातन धर्म से संबंधित प्रश्न और उत्तर

गांधारी ने कृष्ण को यह सब विनाश होने देने का श्राप दिया। उसने श्राप दिया कि वह, उसका शहर और उसकी सारी प्रजा नष्ट हो जाएगी। कृष्ण ने श्राप स्वीकार कर लिया। मौसला पर्व पुस्तक में महान युद्ध की समाप्ति के 36 साल बाद श्राप की पूर्ति का वर्णन है।

भगवान कृष्‍ण के मुकुट में जो मोरपंख शोभायमान है उसके पीछे कई मान्‍यताएं हैं। कहते हैं कि प्रभु को इस मोरपंख से इतना लगाव था कि उन्‍होंने इसे अपने श्रृंगार का हिस्‍सा बना लिया था। प्रभु के हर स्‍वरूप में एक चीज जो समान है वो यह मोरपंख ही है।

श्रीकृष्ण ने दुर्योधन को क्या समझाते हुए क्या कहा? उत्तर- श्रीकृष्ण दुर्योधन से बोले-"मैं इतना ही कहना चाहता हूँ कि पांडवों को आधा राज्य लौटा दो और उनके साथ संधि कर लो। यदि यह बात स्वीकृत हो गई, तो स्वयं पांडव तुम्हें युवराज और धृतराष्ट्र को महाराज के रूप में सहर्ष स्वीकार कर लेंगे।

विश्व को महाभारत युद्ध से उत्पन्न होने वाले अपार हानि और महा अशांति से बचाने के लिए कौरव पक्ष में सन्धिप्रस्ताव हेतु श्रीकृष्ण भगवान गए थे, इसीलिए उन्हें शांतिदूत कहा जाता है।

कार्तिकेय को मुरुगन कहा जाता है क्योंकि उन्हें गंगा द्वारा सरवन पोइगई तक ले जाया गया था, मुरुगा को गांगेय कहा जाता है। क्योंकि जिस चिंगारी से मुरुगा निकला था, वह सरवन पोइगई में जमा हो गया था, मुरुगा को सरवाना भी कहा जाता है। क्योंकि उनका पालन-पोषण कृतिकाओं द्वारा किया गया था, वे कार्तिकेय हैं