शिव विवाह
सती के विरह में शंकरजी की दयनीय दशा हो गई। वे हर पल सती का ही ध्यान करते रहते और उन्हीं की चर्चा में व्यस्त रहते। उधर सती ने भी शरीर का त्याग करते समय संकल्प किया था कि मैं राजा हिमालय के यहाँ जन्म...
महर्षि भृगु ने भगवान विष्णु को क्यों त्रिदेवों में सर्वश्रेष्ठ माना ?
महर्षि भृगु ब्रह्माजी के मानस पुत्र थे। उनकी पत्नी का नाम ख्याति था जो दक्ष की पुत्री थी। महर्षि भृगु सप्तर्षिमंडल के एक ऋषि हैं। सावन और भाद्रपद में वे भगवान सूर्य के रथ पर सवार रहते हैं।एक बार...
मेघनाद का हनुमान जी के विरुद्ध युद्ध
जब भगवान श्री राम ने हनुमान जी को माता सीता की खोज में भेजा और हनुमान जी जब लंका में अशोक वाटिका में माता सीता से मिले, उसके उपरान्त हनुमान जी ने अशोक वाटिका को तहस-नहस करना आरम्भ कर दिया। रावण के...
जाम्बवन्त से सम्बंधित पौराणिक कथा
जांबवंत जी का जन्म ब्रह्मा जी से ही हुआ था उनकी पत्नी का नाम जयवंती था। यह जब जवान थे, तब भगवान् त्रिविक्रम वामन जी का अवतार हुआ। तब भगवान्, बलि के पास तीन पग भिक्षा मांगने गए और बलि तैयार भी हो गया,...
रावण के दस सिर क्यों थे
भगवान ब्रह्मा को प्रसन्न करने के लिए, रावण ने कई वर्षों तक घोर तपस्या (तपस्या) की। एक दिन भगवान ब्रह्मा को प्रसन्न करने के लिए, उन्होंने अपना सिर काटने का फैसला किया। जब उसने अपना सिर काट दिया, तो...