रावण ने अपने पराक्रमी पुत्र अक्षयकुमार को भेजा, हनुमानजी ने उसको भी मार दिया। हनुमानजी ने अपना पराक्रम दिखाते हुए लंका में आग लगा दी। जब विभीषण रावण को छोड़कर श्रीराम की शरण में आए तो सुग्रीव, जामवंत आदि ने कहा कि ये रावण का भाई है।
केवट रामायण का एक विशेष पात्र है, जिसने वनवास के दौरान प्रभु श्रीराम को माता सीता और लक्ष्मण के साथ अपनी नाव में बिठाकर गंगा पार कराया था। रामायण के अयोध्या कांड में निषादराज केवट का वर्णन मिलता है।
इस सोपान में 03 श्लोक, 02 श्लोक, 58 चौपाई, 60 दोहे और लगभग 6241 शब्द हैं। मंगलवार के दिन सुंदर कांड का पाठ करने की परंपरा है। धार्मिक सिद्धांतों के अनुसार सुंदर कांड से संबंधित पुस्तकें संकटों से मुक्ति है। सुंदरकांड रामायण की चौपाई: माना जाता है कि भगवान हनुमान की पूजा से सारे संकट दूर हो जाते हैं। ऐसा कहा जाता है कि अगर कोई लगातार हनुमान की प्रार्थना करता है, तो वह बुद्धि, शक्ति, नाम और प्रसिद्धि, साहस, अच्छा स्वास्थ्य, दीर्घायु, भाषण में निपुणता, आलस्य से मुक्ति, आलस्य को दूर कर आनंद और संतुष्टि जैसे वरदान देते हैं।